लखनऊ की धरती पिछले पाँच दिनों से युवा ऊर्जा, अनुशासन, धैर्य और रोमांच से सराबोर रही है। 19वीं राष्ट्रीय जंबूरी के भव्य समापन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि अनुशासन जीवन की पहली और सबसे महत्वपूर्ण आधारशिला है, क्योंकि वही युवा जो अनुशासित होता है, वही अदम्य साहस के साथ राष्ट्र को नई ऊँचाइयों तक ले जा सकता है। उन्होंने कहा कि भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के माध्यम से देश-विदेश से आए युवाओं ने यहाँ न सिर्फ चुनौतियों को समझने की क्षमता दिखाई, बल्कि एकता, धैर्य और नेतृत्व का जीवंत उदाहरण भी प्रस्तुत किया है।
सीएम योगी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित इस समारोह को संबोधित करते हुए बताया कि 61 वर्ष बाद उत्तर प्रदेश को इस प्रतिष्ठित जंबूरी की मेजबानी का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि यह आयोजन मानो प्रयागराज कुंभ 2025 की याद दिला रहा है, जहाँ करोड़ों लोग एक साथ आए थे। उसी तरह, इस जंबूरी में भी दुनिया के कई देशों और भारत के कोने-कोने से युवा विश्व शांति, एकता और बंधुत्व के संदेश के साथ जुड़े हैं। उन्होंने इसे युवा ऊर्जा का एक महाकुंभ बताया, जहाँ नए सपनों और नए संकल्पों का समागम हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि जंबूरी की थीम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप ‘विकसित भारत–विकसित युवा’ रखी गई है। पाँच दिनों तक चलने वाली इस जंबूरी ने हर जुबान पर उत्साह भर दिया है—अनुशासन, आत्मसंयम, एडवेंचर गतिविधियाँ और सकारात्मक ऊर्जा ने युवाओं में एक नई प्रेरणा जगाई है। उन्होंने इस विशाल आयोजन की टीम का विशेष आभार व्यक्त किया और कहा कि टीमवर्क की ताकत से ही इतने बड़े स्तर पर स्काउट्स एंड गाइड्स का कार्यक्रम सफल हो पाया।
अंत में सीएम योगी ने सभी युवाओं से आह्वान किया कि वे लखनऊ की इन यादों को अपने-अपने राज्यों और देशों में ले जाएँ और पूरे विश्व में भारत के भाईचारे, शांति और बंधुत्व की भावना को आगे बढ़ाएँ। उन्होंने कहा कि ‘एक भारत–श्रेष्ठ भारत’ का जो सपना यहां जंबूरी में दिखा है, वही विकसित भारत की ओर एक सशक्त कदम है।

