मध्य प्रदेश के सीहोर में दीपावली के दूसरे दिन हर साल एक अनोखी अदालत लगती है, जिसे लोग सर्प की अदालत कहते हैं। यहां सर्प दंश से पीड़ित लोग इकट्ठा होते हैं और बताते हैं कि उन्हें सांप ने क्यों डसा।
जानकारी के अनुसार, यह अदालत ग्राम लसूडिया परिहार के हनुमान जी के मंदिर में लगती है। पीड़ित यहां आकर सर्प के काटने का कारण बताते हैं और भविष्य में कौन-सी गलती नहीं करनी चाहिए, इसका भी उल्लेख करते हैं, ताकि आगे किसी परेशानी का सामना न करना पड़े। इसके साथ ही, वे यह भी बताते हैं कि उन्हें किस तरह से राहत या निदान मिला।
वैज्ञानिक रूप से इसकी पुष्टि तो नहीं है, लेकिन यह घटना देखने में बेहद रोचक होती है। हर साल बड़ी संख्या में लोग यहां इस अद्भुत परंपरा को देखने और आशीर्वाद लेने आते हैं। इस साल भी सर्प दंश से पीड़ित लोग बड़ी संख्या में यहां पहुंचे।
श्रद्धालु राम सिंह ने बताया कि वह खेत में काम कर रहे थे, तभी एक सर्प ने उन्हें काट लिया। उन्होंने कहा कि अदालत में आने के बाद उन्हें लाभ मिला और वे भगवान का आशीर्वाद लेने आए हैं।

