बेगूसराय। बिहार की सियासत इस वक्त गर्म है, और बेगूसराय में कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा के तेवरों ने माहौल को और भी तगड़ा बना दिया है। शनिवार को महागठबंधन के उम्मीदवारों के समर्थन में जनसभा को संबोधित करते हुए प्रियंका गांधी ने एनडीए और भाजपा पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पिछले 20 सालों से चली आ रही सरकार ने बिहार की जनता से उसका हक छीन लिया है — अब बदलाव वक्त की मांग है।
प्रियंका ने कहा कि बिहार की यह पवित्र धरती वही है जहां से महात्मा गांधी ने संविधान और समानता की लड़ाई शुरू की थी, लेकिन आज वही संविधान खतरे में है। उन्होंने तीखे अंदाज़ में कहा, “बीते दो दशकों में जो सरकार सत्ता में रही, उसने जनता की ताकत और अधिकार दोनों छीन लिए हैं। भाजपा और मोदी सरकार ने लोकतंत्र की नींव को हिला दिया है।”
अपने संबोधन के दौरान प्रियंका गांधी ने बड़ा आरोप लगाया कि बिहार में मतदाता पुनरीक्षण के दौरान करीब 65 लाख मतदाताओं के नाम लिस्ट से हटा दिए गए हैं। उन्होंने कहा — “यह लोकतंत्र की हत्या है। जिनके नाम काटे गए, वे न सरकारी योजनाओं का लाभ ले पा रहे हैं, न अपने हक की आवाज़ उठा पा रहे हैं।”
उन्होंने बेरोजगारी और महंगाई के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि बिहार का युवा रोजगार के लिए केरल से लेकर कश्मीर तक भटक रहा है। खेती से आय लगातार घट रही है, और मोदी सरकार देश की संपत्ति को कुछ बड़े उद्योगपतियों के हाथों बेच रही है, जबकि आम जनता भूख और बेरोजगारी से जूझ रही है।
प्रियंका ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की स्थिति पर भी तंज कसा और कहा — “यह जो डबल इंजन सरकार की बात की जाती है, असल में यह सिंगल इंजन की सरकार है, जिसकी दिशा और रफ्तार दिल्ली से तय होती है। नीतीश कुमार को लगातार अपमानित किया जा रहा है।”
सभा के अंत में प्रियंका गांधी ने जनता से बदलाव की अपील करते हुए कहा — “महागठबंधन की सरकार आने पर हर परिवार से एक सदस्य को नौकरी दी जाएगी और 200 यूनिट तक बिजली मुफ्त मिलेगी। अब समय है वोट चोरी करने वालों से बिहार को मुक्त कराने का। बदलाव का वक्त आ चुका है — अब नया बिहार बनाना होगा।”

