जबलपुर। मध्य प्रदेश की संस्कारधानी जबलपुर में गीता जयंती के अवसर पर भव्य गीता महोत्सव का आयोजन किया गया, जहां करीब 5100 स्कूली बच्चे एक साथ जुटे और श्रीमद्भगवद्गीता का सामूहिक पाठ कर पूरे माहौल को आध्यात्मिकता से भर दिया। अलग-अलग स्कूलों से पहुंचे बच्चों ने गीता के 15वें अध्याय का वाचन किया और समाज को ज्ञान, अनुशासन और सकारात्मकता का संदेश दिया।
इस विशाल कार्यक्रम का मुख्य आयोजन मॉडल हाई स्कूल परिसर में हुआ, जहां सुबह से ही छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों की भीड़ उमड़ने लगी थी। मंच पर जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, नगर निगम की महापौर और कई गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति ने इस आयोजन को और भी विशेष बना दिया। सभी ने बच्चों की इस अद्भुत सहभागिता की सराहना करते हुए कहा कि गीता जीवन के हर कदम पर मार्गदर्शन देने वाला अमूल्य ज्ञानग्रंथ है, और इसे नई पीढ़ी तक पहुंचाना बेहद आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने एक साथ श्लोकों का उच्चारण कर वातावरण को भक्तिमय बना दिया। कई विद्यार्थियों ने श्लोकों के अर्थ को समझते हुए बताया कि गीता जीवन में अनुशासन, धैर्य और सही दृष्टिकोण विकसित करती है। शिक्षकों ने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य बच्चों में भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और नैतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। जिला प्रशासन और नगर निगम के अधिकारी भी बच्चों के साथ बैठकर पूरे समय इस वाचन का हिस्सा बने।
अंत में कार्यक्रम शांतिपाठ और भारत माता की जय के नारों के साथ सम्पन्न हुआ, और पूरे शहर में गीता महोत्सव की गूंज सुनाई देती रही।

