उज्जैन। नए साल की शुरुआत के साथ ही श्री महाकालेश्वर मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था में बड़ा परिवर्तन होने जा रहा है। अब महाकाल मंदिर की सुरक्षा दिल्ली की ‘कोर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड’ कंपनी के हाथों में होगी। इसके लिए मंदिर समिति सालभर में करीब 20 करोड़ रुपए खर्च करेगी। समिति के प्रशासक प्रथम कौशिक ने बताया कि पहले सुरक्षा की जिम्मेदारी निभा रही क्रिस्टल और KSS कंपनियों का कॉन्ट्रैक्ट पूरा हो चुका था। नए टेंडर में कई कंपनियां शामिल हुईं, लेकिन मूल्यांकन के बाद सुरक्षा का पूरा जिम्मा कोर सर्विसेज को दिया गया है, और 1 जनवरी से कंपनी आधिकारिक रूप से काम संभाल लेगी।
नई व्यवस्था के तहत मंदिर परिसर में अब 1000 सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएंगे, जिनकी संख्या पहले से लगभग 300 ज्यादा होगी। इनमें कुछ गार्ड हथियारों से लैस भी होंगे और सभी के लिए निर्धारित ड्रेस कोड अनिवार्य रहेगा।
नई कंपनी को सुरक्षा के लिए आधुनिक उपकरण भी उपयोग में लाने होंगे—डोर मेटल डिटेक्टर, हैंड मेटल डिटेक्टर, वॉकी-टॉकी सेट, प्रशिक्षित सुपरवाइजर, सिक्योरिटी ऑफिसर्स और हाई-स्किल्ड गार्ड अनिवार्य रूप से लगाए जाएंगे।
इस बदलाव के बाद महाकाल मंदिर की सुरक्षा पहले से अधिक सख्त, संगठित और हाई-टेक होने जा रही है, ताकि श्रद्धालुओं को नए साल पर बेहतर और सुरक्षित दर्शन का अनुभव मिल सके।

