मध्य प्रदेश के खंडवा जिले के महादेवगढ़ मंदिर में आज एक अनोखा विवाह देखने को मिला, जहां मुस्लिम युवती सानिया अली ने सनातन धर्म अपनाकर हिंदू युवक निखिल कोचले से हिंदू रीति-रिवाजों के साथ विवाह रचाया। विवाह के बाद सानिया अब सती कोचले के नाम से जानी जाएगी। दोनों ने पंडितों की मौजूदगी में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ सात फेरे लिए और एक नए जीवन की शुरुआत की।
सानिया अली और निखिल कोचले दोनों ही खंडवा जिले के गुड़ी गांव के रहने वाले हैं और एक-दूसरे को पहले से जानते थे। सानिया बचपन से ही हिंदू धर्म, रीति-रिवाजों और त्योहारों से प्रभावित रही हैं। हाल ही में वह दो महीने तक मथुरा में भी रहीं, जहां उन्होंने रामचरितमानस का अध्ययन किया और सनातन संस्कृति को नजदीक से समझा।
मथुरा से लौटने के बाद सानिया ने निखिल से विवाह करने का निर्णय लिया। इस फैसले का परिवार ने विरोध किया, लेकिन सानिया अपने निर्णय पर अडिग रहीं। उन्होंने साफ कहा कि वह हिंदू धर्म और संस्कृति से प्रभावित होकर अपनी इच्छा से निखिल से विवाह कर रही हैं।
महादेवगढ़ मंदिर में मंदिर समिति और पंडितों की मौजूदगी में दोनों का विवाह संपन्न कराया गया। मंदिर संयोजक अशोक पालीवाल ने बताया कि कई युवक-युवतियां सनातन संस्कृति से प्रभावित होकर स्वेच्छा से अपना जीवनसाथी चुनते हैं। सानिया और निखिल ने भी पूरी सहमति और वैध उम्र की जांच के बाद मंदिर से संपर्क किया था, जिसके बाद सभी प्रक्रियाएं पूरी कर उनका विवाह कराया गया।

