कटनी जिले के आदिवासी ग्राम सेहरा टोला में आंगनवाड़ी और स्कूल से जुड़ी गंभीर समस्याओं की खबर सामने आने के बाद कलेक्टर आशीष तिवारी ने मामले का संज्ञान लिया है। कलेक्टर ने परियोजना अधिकारी को नोटिस जारी करने, पर्यवेक्षक की विभागीय जांच कराने, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका को अवैतनिक करने और पीएचई विभाग को नल-जल योजना तत्काल चालू कराने के निर्देश दिए हैं।
जंगलों के बीच बसे आदिवासी बहुल ग्राम कोठी के सेहरा टोला में आंगनवाड़ी केंद्र पर बच्चों के भोजन के बीच बकरियों के घुसने, अव्यवस्थाओं और स्कूल के बच्चों को पीने के पानी के लिए भटकने जैसी समस्याएं सामने आई थीं। मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों को जांच के आदेश दिए और पीएचई विभाग को नल-जल योजना बहाल करने के निर्देश दिए थे।
एसडीएम निधि गौतम ने बताया कि आंगनवाड़ी केंद्र में लापरवाही के मामले में परियोजना अधिकारी को नोटिस जारी किया गया है, पर्यवेक्षक की विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं और कार्यकर्ता व सहायिका को अवैतनिक किया गया है। पीएचई विभाग के निर्देशों के बाद सेहरा मोहल्ले में नल-जल योजना शुरू कर दी गई है, जिससे अब ग्रामीणों को पानी के लिए परेशानी नहीं होगी। गांव की अन्य समस्याओं के समाधान के लिए भी एक दल गठित कर निराकरण कराया जाएगा।
बीआरसी प्रेम कोरी ने बताया कि संबंधित शिक्षक को भी नोटिस जारी किया गया है और बच्चों से पानी भरवाने पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए हैं। शिक्षक से चर्चा में बताया गया कि एक दिन नल-जल योजना कुछ समय के लिए चली थी, लेकिन अभी भी पानी की समस्या पूरी तरह खत्म नहीं हुई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

