भोपाल। मध्यप्रदेश में एमपी बोर्ड परीक्षाओं से पहले टेलीग्राम पर फर्जी प्रश्नपत्र बेचने का नेटवर्क सक्रिय हो गया है और कई चैनलों पर पेपर लीक होने का झूठा दावा किया जा रहा है।
इस मामले में साइबर क्राइम ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और पुलिस प्रशासन ने शिक्षकों व अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को ऐसे जालसाजों से बचने के लिए सतर्क करें।
जालसाज फर्जी प्रश्नपत्रों को असली दिखाने के लिए माध्यमिक शिक्षा मंडल भोपाल के नाम, लोगो और मोनोग्राम का दुरुपयोग कर रहे हैं।
माध्यमिक शिक्षा मंडल की शिकायत पर जांच में टेलीग्राम पर एमपी बोर्ड एग्जाम 2026, एमपी बोर्ड पेपर, एमपी बोर्ड 2025 पेपर, एमपी बोर्ड पर पेपर लीक, ऑल इंडिया बोर्ड्स पेपर 2026, एमपी बोर्ड ऑफिशियल और एमपी बोर्ड प्रश्न 2026 जैसे कई चैनल सामने आए हैं, जिनके जरिए छात्रों से पैसे वसूल कर पेपर देने का दावा किया जा रहा है।
एडिशनल डीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि परीक्षा से पहले नकली पेपर के नाम पर ठगी का यह नया साइबर फ्रॉड सामने आया है, जिसमें टेलीग्राम ग्रुप बनाकर छात्रों को फर्जी प्रश्नपत्र भेजे जाते हैं और अगले दिन का पेपर देने का झांसा दिया जाता है।
पुलिस ने साफ कहा है कि छात्र किसी भी संदिग्ध व्हाट्सऐप या टेलीग्राम लिंक पर क्लिक न करें और न ही किसी को पैसे भेजें क्योंकि फर्जी पेपर के चक्कर में छात्रों का समय और भविष्य दोनों खराब हो सकता है।
पिछले साल भी ऐसे मामलों में कई आरोपी पकड़े जा चुके हैं और इस बार साइबर सेल पूरे नेटवर्क पर लगातार नजर बनाए हुए है ताकि जालसाजों पर सख्त कार्रवाई की जा सके।

