लखनऊ. उत्तर प्रदेश में नया विधानभवन बनाने की दिशा में योगी सरकार ने बड़ा कदम बढ़ा दिया है, इसके लिए बजट में 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है और सहारा समूह से वापस ली गई जमीन पर नया विधानभवन बनाने का निर्णय लिया गया है, लखनऊ विकास प्राधिकरण ने सहारा शहर में पहले ही 75 एकड़ जमीन अपने कब्जे में ले ली है और अब कंसल्टेंट नियुक्त करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है, वहीं नगर निगम ने भी 170 एकड़ जमीन पर कब्जा ले लिया है जिससे कुल 245 एकड़ जमीन इस परियोजना के लिए उपलब्ध हो गई है।
प्रशासन के मुताबिक आवागमन के लिहाज से यह स्थान बेहतर माना जा रहा है और जमीन की पैमाइश रिपोर्ट शासन को भेजी जा चुकी है, अब नियुक्त होने वाला कंसल्टेंट डीपीआर तैयार करेगा और नए विधानभवन के भवन का डिजाइन भी तैयार किया जाएगा ताकि परियोजना को अगले चरण में आगे बढ़ाया जा सके।
जानकारी के अनुसार एलडीए ने करीब दस महीने पहले सहारा शहर में अपने हिस्से की 75 एकड़ जमीन पर कब्जा लिया था जबकि सितंबर में नगर निगम ने लीज निरस्त करने के बाद अपने हिस्से की 170 एकड़ जमीन वापस ली थी, वर्ष 1994 में नगर निगम ने आवासीय योजना विकसित करने के लिए सहारा इंडिया हाउसिंग लिमिटेड को शर्तों के साथ 30 साल की लीज पर जमीन दी थी जिसमें 130 एकड़ में आवासीय कॉलोनी और 40 एकड़ में ग्रीन बेल्ट विकसित किया जाना था, शर्तों के उल्लंघन पर नगर निगम ने 1997 में लाइसेंस डीड निरस्त करने का नोटिस जारी किया था और अब उसी जमीन पर नया विधानभवन बनाने की तैयारी तेज कर दी गई है।

