राजगढ़। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिला अस्पताल के स्टोर रूम में आग लगने की घटना के बाद सियासत तेज हो गई है। कांग्रेस जिला अध्यक्ष प्रियव्रत सिंह ने सोशल मीडिया के जरिए अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए भ्रष्टाचार के सवाल खड़े किए हैं।
प्रियव्रत सिंह ने कहा कि राजगढ़ जिला अस्पताल अब भ्रष्टाचार का केंद्र बनता जा रहा है और औषधि केंद्र में लगी आग कई बड़ी लापरवाहियों को उजागर करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्टोर कीपर छुट्टी पर रहते हैं और नियमों को ताक पर रखकर चहेते कर्मचारियों को स्टोर का चार्ज सौंप दिया जाता है।
कांग्रेस जिला अध्यक्ष ने यह भी सवाल उठाया कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी महज 50 मीटर की दूरी पर रहती हैं, इसके बावजूद घटना के कई घंटे बाद मौके पर पहुंचीं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना किसी प्रदेश स्तरीय एक्सपर्ट कमेटी की अनुमति के अनाधिकृत लोग रातभर स्टोर रूम में मौजूद रहे।
प्रियव्रत सिंह ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर आग पीछे रखे ऑक्सीजन सिलेंडर स्टोर तक पहुंच जाती तो एक बड़ा हादसा हो सकता था। उन्होंने कलेक्टर से निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला पर भी सवाल उठाए और कहा कि जिस विभाग की आग सतपुड़ा भवन तक सीमित थी, वह अब राजगढ़ तक पहुंच चुकी है। साथ ही उन्होंने दवाइयों की खरीद में सीएसआर फंडिंग से जुड़े मामलों पर भी संदेह जताया और कहा कि अब देखना होगा कि इस पूरे मामले में क्या कार्रवाई होती है।

