सिंगरौली। जिले के करैला गांव के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां छात्रों ने अपने ही शिक्षक पर धर्मांतरण का दबाव बनाने और हिंदू रीति-रिवाजों का अपमान करने का आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि स्कूल में पदस्थ शिक्षक दशरथ साकेत उन्हें सरस्वती पूजा करने पर परेशान करता है, प्रभु राम का नाम लेने पर सजा देता है, बच्चों के हाथ में बंधा कलावा जबरन तोड़ देता है और माथे पर लगा तिलक या चंदन मिटा देता है। इतना ही नहीं, बच्चों का आरोप है कि शिक्षक धार्मिक गीतों और कार्यक्रमों से दूरी बनाने का दबाव डालता है और उन्हें बौद्ध धर्म अपनाने के लिए प्रेरित करता है।
बच्चों ने बताया कि जब कुछ छात्रों ने इस व्यवहार का वीडियो बनाकर सबूत इकट्ठा करने की कोशिश की तो शिक्षक ने उनका मोबाइल छीनकर वीडियो डिलीट भी कर दिया। परेशान छात्र और स्थानीय लोग कलेक्ट्रेट पहुंचे और कलेक्टर गौरव बैनल तथा जिला शिक्षा अधिकारी एसबी सिंह से शिकायत दर्ज कराई।
DEO ने आश्वासन दिया है कि पूरे मामले की एक सप्ताह के भीतर जांच कराई जाएगी और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मामला सामने आने के बाद पूरे क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और अभिभावक स्कूल में बच्चों की सुरक्षा और धार्मिक स्वतंत्रता को लेकर चिंतित हैं।

