भोपाल। अक्सर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में रहने वाले मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह एक बार फिर चर्चा के केंद्र में आ गए हैं। इस बार उन्होंने हिंदू शब्द और हिंदुत्व को लेकर ऐसा बयान दिया है, जिसने सियासत को गरमा दिया है। दिग्विजय सिंह ने कहा कि हिंदू कोई धर्म नहीं, बल्कि एक पहचान है। यह शब्द वैदिक नहीं है, बल्कि फारसी मूल का है और शुरू में इसका इस्तेमाल भौगोलिक पहचान के तौर पर किया गया था।
दिग्विजय सिंह ने कहा कि भारत में एक भी हिंदू नहीं है। हिंदू शब्द फारसी भाषा से आया है, जिसका प्रयोग सिंधु नदी के पार रहने वाले लोगों के लिए किया जाता था। संस्कृत के ‘सिंधु’ शब्द को फारसी और यूनानी लोगों ने अपने उच्चारण में बदलकर ‘हिंदू’ बना दिया। उन्होंने कहा कि यह शब्द पहले केवल एक भौगोलिक पहचान था, जो मध्यकाल में धीरे-धीरे धार्मिक पहचान में बदल गया। इसी संदर्भ में दिग्विजय सिंह ने जोर देकर कहा कि हम हिंदू नहीं, बल्कि सनातनी हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री के इस बयान पर भाजपा ने तीखा पलटवार किया है। बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा ने दिग्विजय सिंह पर हमला बोलते हुए कहा कि वे हिंदू नहीं हैं, इसलिए इस तरह की बातें करते हैं। उन्हें फारसी और इस्लाम का ज्यादा ज्ञान है और हिंदुओं को ज्ञान देने की जरूरत नहीं है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि हिंदुस्तान अगर इस देश का नाम है, तो यह हिंदुओं का स्थान है और यह देश किसका है, यह सब जानते हैं। रामेश्वर शर्मा ने यह भी कहा कि सनातन धर्म एक सच्चाई है, लेकिन हिंदू इस देश की पहचान है और सबके पुरखे हिंदू रहे हैं। उन्होंने दिग्विजय सिंह को अपना इतिहास देखने की नसीहत भी दी।

