ग्वालियर। मध्यप्रदेश के ग्वालियर नगर निगम परिषद की विशेष बैठक में निगम की आय बढ़ाने वाले हुरावली प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है। परिषद की बैठक पदेन सभापति गिर्राज कंसाना की अध्यक्षता में आयोजित हुई, जिसकी शुरुआत हंगामे और तीखी बहस के साथ हुई, लेकिन अंततः महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर सर्वसम्मति से मुहर लग गई। बैठक के बाद परिषद को 6 मार्च तक के लिए स्थगित कर दिया गया।
इस अहम फैसले के तहत नगर निगम अपनी 23 बीघा बेशकीमती जमीन पर 446 करोड़ रुपये की लागत से बड़ा रिहायशी और व्यावसायिक प्रोजेक्ट विकसित करेगा। योजना में 15 मंजिला पांच आवासीय टावर बनाए जाएंगे, जिनमें कुल 506 फ्लैट होंगे। इसके साथ ही 240 दुकानें, 54 शोरूम और एक व्यावसायिक भूखंड भी विकसित कर बिक्री के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।
बाजार मूल्य के अनुसार इन संपत्तियों की बिक्री से निगम को करीब 997 करोड़ रुपये की आय होने की संभावना है। कुल लागत 446 करोड़ रुपये आंकी गई है, ऐसे में इस परियोजना से लगभग 481 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ मिलने का अनुमान है।
बैठक में महाराज बाड़ा स्थित पुराने नगर निगम कार्यालय भवन के पिछले हिस्से में स्मार्ट सिटी द्वारा निर्मित 8 दुकानों और भवन के नीचे तैयार दो नए हॉल को लीज पर देने तथा उनके संचालन और रखरखाव को भी सर्वसम्मति से स्वीकृति दी गई। इस फैसले को नगर निगम की आर्थिक स्थिति मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।

