नीमच। मध्य प्रदेश के नीमच जिले से सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां ड्यूटी ज्वाइन करने से पहले एक प्रधान आरक्षक ने जहर खाकर अपनी जान दे दी, आत्महत्या से पहले उन्होंने तीन पन्नों का सुसाइड नोट लिखा जिसमें गंभीर आरोप लगाए गए हैं और अब परिजन मामले में कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, वहीं पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
नीमच पुलिस लाइन में पदस्थ 50 वर्षीय प्रधान आरक्षक होशियार सिंह अहीर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, बताया जा रहा है कि पांच दिन की छुट्टी पूरी होने के बाद ड्यूटी पर लौटने से एक दिन पहले उन्होंने जहर खा लिया और खुद कंट्रोल रूम पहुंचकर इसकी जानकारी दी, हालत बिगड़ने पर पहले जिला अस्पताल ले जाया गया और फिर निजी अस्पताल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
आत्महत्या से पहले लिखे गए सुसाइड नोट में उन्होंने पुलिस लाइन में ड्यूटी लगाने और रोजनामचा लिखने तक के लिए पैसों की मांग किए जाने का आरोप लगाया है, नोट में उन्होंने आरआई विक्रम सिंह भदौरिया और हेड कॉन्स्टेबल प्रणव तिवारी का नाम लेते हुए खुद को लंबे समय से प्रताड़ित किए जाने की बात कही है।
मृतक की पत्नी कमलेश देवी और बेटी अंजली यादव ने भी वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा परेशान किए जाने का आरोप लगाते हुए दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है, वहीं एसपी अंकित जायसवाल ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया है और कहा है कि सुसाइड नोट में लगाए गए आरोपों, परिजनों की शिकायत और अन्य सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है, आरोपों की पुष्टि होने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

