ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत पर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पुतिन ने इसे ‘घृणित हत्या’ करार देते हुए कहा कि यह मानवीय नैतिकता और अंतरराष्ट्रीय कानून के सभी मानकों का उल्लंघन है। ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार इजराइल-अमेरिका हमलों में खामेनेई के साथ उनके परिवार के कई सदस्य भी मारे गए।
वहीं अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने खामेनेई की मौत की जानकारी देते हुए कहा कि इतिहास के सबसे क्रूर लोगों में से एक का अंत हुआ है और इसे न्याय बताया। ट्रंप ने इसे न केवल ईरान बल्कि दुनिया के कई देशों के लिए न्याय करार दिया।
इधर इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि आने वाले दिनों में आतंकवादी शासन के हजारों ठिकानों पर हमला किया जाएगा। उन्होंने ईरान की जनता से सड़कों पर उतरकर मौजूदा शासन के खिलाफ आवाज उठाने की अपील भी की और इसे एक ऐतिहासिक अवसर बताया।
इस बीच ईरान में नए नेतृत्व की घोषणा कर दी गई है। खामेनेई की जगह अब अलीरेजा अराफी को देश का नया लीडर बनाया गया है। 1959 में याज्द प्रांत के मेयबोद में जन्मे अराफी एक शिया धर्मगुरु हैं और गार्जियन काउंसिल व असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स के सदस्य रह चुके हैं। वे पहले अल-मुस्तफा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी के चेयरमैन और कोम में जुमे की नमाज के इमाम भी रहे हैं। अब वे अस्थायी परिषद में न्यायपालिका प्रमुख और राष्ट्रपति के साथ मिलकर नेतृत्व की जिम्मेदारी संभालेंगे।

