दमोह। मध्य प्रदेश के दमोह के चर्चित मिशन अस्पताल फर्जी डॉक्टर मामले में पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए दो और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इन ताजा गिरफ्तारियों के बाद मामले में पकड़े गए आरोपियों की संख्या बढ़ गई है, जबकि अब भी कुछ आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं।
दमोह नगर पुलिस अधीक्षक एच. आर. पांडे ने बताया कि फ्रैंक हैरिसन उर्फ बबला को भोपाल से गिरफ्तार किया गया है, जबकि आसमान न्यूटन को दमोह से हिरासत में लिया गया है। इससे पहले इस मामले के मुख्य आरोपी डॉ. एन जॉन कैम और एक अन्य आरोपी पहले से ही जेल में बंद हैं। पुलिस के अनुसार अभी छह अन्य आरोपियों की तलाश लगातार जारी है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह पूरा मामला मिशन अस्पताल में फर्जी डॉक्टर द्वारा किए गए हृदय रोग के ऑपरेशनों से जुड़ा है। गलत और लापरवाह ऑपरेशन के चलते इलाज के दौरान सात मरीजों की मौत हो गई थी। इस मामले में अस्पताल की संचालन समिति को भी आरोपी बनाया गया है और अब तक गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी उसी समिति के सदस्य बताए जा रहे हैं।
गौरतलब है कि दमोह स्थित यह मिशनरी अस्पताल प्रधानमंत्री आयुष्मान योजना के अंतर्गत पंजीकृत था, ऐसे में सरकारी धन के दुरुपयोग का आरोप भी सामने आया है। शिकायत मिलने के बाद राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच के आदेश जारी किए थे, जिसके बाद अब लगातार कार्रवाई की जा रही है।

