भोपाल। मध्यप्रदेश में चुनाव से पहले सहकारी बैंकों और समितियों में राजनीतिक नियुक्तियों को लेकर हलचल तेज हो गई है और लंबे समय से लंबित पदों को भरने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
सूत्रों के मुताबिक अपेक्स बैंक सहित जिला सहकारी बैंकों में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, संचालक मंडल और अन्य समितियों में पदाधिकारियों की नियुक्ति जल्द की जा सकती है, जिससे सहकारिता क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।
बताया जा रहा है कि इन नियुक्तियों के जरिए राजनीतिक संतुलन साधने की रणनीति बनाई जा रही है, जो आने वाले चुनावों को देखते हुए काफी अहम मानी जा रही है।
इस मुद्दे को लेकर हाल ही में अमित शाह, डॉ मोहन यादव और हेमंत खंडेलवाल के बीच चर्चा भी हो चुकी है, वहीं संगठन स्तर पर भी मंथन जारी है।
सूत्रों की मानें तो पहले इन पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी और उसके बाद सहकारी संस्थाओं में चुनाव कराने की योजना पर काम आगे बढ़ेगा।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि सहकारिता क्षेत्र में होने वाली ये नियुक्तियां आने वाले चुनावी समीकरणों को प्रभावित कर सकती हैं, ऐसे में अब सभी की नजर इस बात पर है कि इन नियुक्तियों का ऐलान कब होता है और इसका राजनीतिक असर कितना बड़ा होता है।

