भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने विभिन्न सरकारी योजनाओं की विस्तृत समीक्षा करते हुए कई अहम निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने गौ पालन को बढ़ावा देने और आदर्श ग्राम विकसित करने पर विशेष जोर दिया। जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान रीवा, सिंगरौली, मऊगंज, सीधी और मुरैना के कलेक्टरों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए गए।
स्वास्थ्य और शिक्षा को प्राथमिकता देते हुए मुख्य सचिव ने स्कूलों में नामांकन बढ़ाने और ड्रॉप आउट दर कम करने का लक्ष्य तय किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य समाज के भविष्य से जुड़े क्षेत्र हैं, इसलिए इन पर गंभीरता से काम किया जाना जरूरी है। एजुकेशन पोर्टल 3.0 में विद्यार्थियों की प्रोफाइल अपडेट करने के बेहतर कार्य के लिए जबलपुर संभाग और पन्ना व बालाघाट जिलों की सराहना भी की गई।
आगामी जनगणना को ध्यान में रखते हुए शैक्षणिक सत्र को व्यवस्थित ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए गए, ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो। आंगनबाड़ी केंद्रों में 3 से 6 वर्ष के बच्चों के पंजीयन बढ़ाने, गांवों में सैंपलिंग चेकिंग करने और अभिभावकों से सीधे संवाद स्थापित करने पर भी जोर दिया गया। इसके लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास विभागों के समन्वय से काम करने के निर्देश दिए गए।
मुख्य सचिव ने 8 मार्च, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस से पहले प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों में बालिकाओं के लिए शौचालय निर्माण कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य तय किया है। साथ ही जर्जर स्कूल भवनों की मरम्मत या आवश्यकता होने पर उन्हें ध्वस्त कर नए निर्माण और बच्चों को सुरक्षित भवनों में स्थानांतरित करने के निर्देश भी दिए गए। समीक्षा बैठक में संकल्प से समाधान अभियान के तहत योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने पर विशेष जोर दिया गया।

