दतिया। मध्यप्रदेश के दतिया में तंत्र मंत्र और मंदिर निर्माण को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि सुनकर किसी की भी रूह कांप जाए। झिरका बाग के मूलचंद्र कुशवाहा की मौत के बाद उनके विरोधी पक्ष के युवक बल्ली श्मशान घाट पहुंचा। उसने चिता से राख और खोपड़ी की हड्डी उठाई। राख को अपने शरीर पर लपेटा और खोपड़ी की हड्डी लेकर भाग गया। पुलिस ने बल्ली के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया।
इस सनसनीखेज घटना के बाद कुशवाह समाज की पंचायत ने खाप पंचायत की तरह फैसला सुनाया। बल्ली का हुक्का पानी समाज में बंद कर दिया गया। समाज ने फैसला किया कि कोई भी व्यक्ति उसे अपने घर नहीं बुलाएगा। साथ ही उस पर 5100 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया। समाज के मुखिया ने अर्थदंड को स्वीकार किया, लेकिन कानूनी कार्रवाई के डर से बल्ली को समाज से निकालने पर टाल-मटोल की।
स्वामी कुशवाहा, सनकुआ समिति अध्यक्ष ने बताया कि आरोपी की करतूत जानने के बाद विरोधी पक्ष बल्ली के घर पहुंचा। उन्होंने बल्ली के हाथ-पैर बांधकर पहले उसकी पिटाई की और फिर उसे गंदगी यानी पॉटी खिलाई। यह गंभीर आरोप बल्ली ने खुद लगाए हैं। बल्ली का कहना है कि यह सब मंदिर निर्माण के लिए राशि मांगने के विवाद में गुस्से में किया गया था।

