क्रिकेट में आमतौर पर 35 के बाद खिलाड़ी रिटायरमेंट की तरफ बढ़ने लगते हैं और 40 की उम्र को संन्यास की दहलीज माना जाता है, लेकिन टी20 वर्ल्ड कप 2026 में कुछ ऐसे खिलाड़ी मैदान पर उतरने वाले हैं जो उम्र के इस आंकड़े को भी मात देने को तैयार हैं और अपने अनुभव के दम पर फिर से तबाही मचाने का माद्दा रखते हैं।
टी20 फॉर्मेट को बल्लेबाजों का खेल कहा जाता है, जहां पहली ही गेंद से चौके-छक्कों की बारिश शुरू हो जाती है, यही वजह है कि आजकल टीमें ज्यादा से ज्यादा युवा खिलाड़ियों को मौका देती हैं ताकि फील्डिंग से लेकर बैटिंग तक फुर्ती दिख सके, लेकिन टी20 वर्ल्ड कप 2026 में कुछ ऐसे सीनियर खिलाड़ी भी होंगे जो उम्र में भले ही बड़े हों, मगर जुनून और जज्बे में आज भी किसी युवा से कम नहीं हैं और अकेले दम पर मैच का पासा पलट सकते हैं।
भारत और श्रीलंका की सरजमीं पर 7 फरवरी से शुरू होने वाले टी20 वर्ल्ड कप 2026 में कुल 20 टीमें हिस्सा लेंगी और इन्हीं टीमों के साथ मैदान में उतरेंगे वो पांच सबसे उम्रदराज खिलाड़ी, जिन पर 40 की उम्र पार करने के बाद भी उनकी टीमों ने भरोसा जताया है और उम्मीद की है कि ये दिग्गज बड़े मौके पर चमकेंगे।
सबसे उम्रदराज खिलाड़ी के तौर पर ओमान टीम के ऑलराउंडर मोहम्मद नदीम का नाम सामने आता है, जो 43 साल की उम्र में भी इंटरनेशनल क्रिकेट खेल रहे हैं, 4 सितंबर 1982 को जन्मे नदीम ने 2015 में अंतरराष्ट्रीय डेब्यू किया था और तब से लेकर अब तक वनडे और टी20 इंटरनेशनल में अपनी टीम के लिए अहम योगदान देते आए हैं, बल्ले और गेंद दोनों से उनका अनुभव ओमान के लिए बड़ी ताकत माना जा रहा है।
इस लिस्ट में दूसरा नाम इटली टीम के कप्तान वेन मैडसन का है, जो तूफानी बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं, साउथ अफ्रीका में जन्मे मैडसन ने इंग्लैंड में काउंटी क्रिकेट खेलकर अपनी पहचान बनाई और फर्स्ट क्लास क्रिकेट में उनके नाम हजारों रन दर्ज हैं, अब देखना दिलचस्प होगा कि इंटरनेशनल मंच पर इटली के लिए वो कितना असर छोड़ पाते हैं।
तीसरे नंबर पर अफगानिस्तान के सीनियर ऑलराउंडर मोहम्मद नबी हैं, जो पिछले कई सालों से अफगान टीम के सबसे भरोसेमंद मैच विनर रहे हैं, 41 साल की उम्र में भी नबी के बल्ले में दम है और गेंद से भी वो बड़े बल्लेबाजों को फंसाने की काबिलियत रखते हैं, नबी की खासियत यही है कि वो मुश्किल हालात में मैच फिनिश करने का हुनर जानते हैं।
चौथे नंबर पर बाएं हाथ के अनुभवी स्पिनर रोएलॉफ वैन डेर मेरवे का नाम आता है, जो अपनी सटीक लाइन लेंथ और कसी हुई गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं, 41 साल के मेरवे बल्लेबाजी में भी टीम को उपयोगी रन दिला सकते हैं और टी20 जैसे फॉर्मेट में उनकी किफायती गेंदबाजी कई बार विपक्षी टीम की रफ्तार पर ब्रेक लगाने का काम करती है।
पांचवें नंबर पर जिम्बाब्वे के अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज ब्रैंडन टेलर हैं, जो इकलौते ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्होंने 2007 का टी20 वर्ल्ड कप खेला था और अब 2026 में भी मैदान पर नजर आएंगे, करीब 40 साल की उम्र में भी टेलर के अनुभव और बड़े मैचों में खेलने की आदत जिम्बाब्वे के लिए बड़ी उम्मीद बन सकती है और फैंस को उनसे एक बार फिर दमदार प्रदर्शन की आस होगी।

