मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उत्तर प्रदेश में अवैध धर्मांतरण के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है। इसी कड़ी में लखनऊ पुलिस ने चिकित्सा की आड़ में अपराध करने वाले तथाकथित ‘सफेद कोट लव जिहादी’ को गिरफ्तार किया है। आरोपी रमीजुद्दीन नायक उर्फ रमीज पर केजीएमयू में एमडी पैथोलॉजी की छात्रा को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने, जबरन गर्भपात कराने और धर्म परिवर्तन का दबाव बनाने का आरोप है। योगी सरकार ने फरार आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम भी घोषित कर रखा था।
पुलिस के अनुसार 23 दिसंबर 2025 को पीड़िता की शिकायत पर थाना चौक में मामला दर्ज किया गया था। पीड़िता ने बताया कि आरोपी डॉक्टर ने कई महीनों तक शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया और बिना उसकी सहमति के गर्भपात करा दिया। इसके बाद वह लगातार धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने लगा। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने इसी तरह एक अन्य मेडिकल छात्रा को भी अपने जाल में फंसाया, उसके साथ दुष्कर्म किया, जबरन गर्भपात कराया और धर्म परिवर्तन कराकर शादी करवाई गई।
विवेचना में आरोपी के परिजनों की भूमिका भी उजागर हुई, जिसके बाद मुकदमे में गंभीर धाराएं जोड़ी गईं। आरोपी के पिता सलीमुद्दीन और मां खतीजा को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका है। इस मामले में अन्य सहयोगियों के नाम भी सामने आए हैं, जिनकी भूमिका की जांच जारी है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत फरार आरोपी की तलाश तेज की गई थी। संयुक्त पुलिस आयुक्त अपराध एवं मुख्यालय के आदेश पर आरोपी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया। थाना चौक पुलिस और पश्चिम लखनऊ की सर्विलांस टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मुखबिर तंत्र और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी डॉ. रमीजुद्दीन नायक उर्फ रमीज को शुक्रवार दोपहर लखनऊ सिटी स्टेशन गेट के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि आरोपी शातिर किस्म का अपराधी है, जो डॉक्टर की पहचान का दुरुपयोग कर युवतियों को फंसाता था। उसके खिलाफ अन्य मामलों की भी जांच की जा रही है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है। योगी सरकार ने साफ संदेश दिया है कि सफेद कोट की आड़ में अपराध करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में महिलाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता बनी रहेगी।

