अखिलेश यादव का भाजपा सरकार पर तीखा हमला, बोले- अपराधी बेखौफ और जनता असुरक्षित

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार और कमीशनखोरी चरम पर पहुंच चुकी है और यही मौजूदा सरकार का मुख्य एजेंडा बन गया है। अखिलेश यादव ने कहा कि प्रदेश में अवैध खनन का कारोबार खुलेआम फल-फूल रहा है, लेकिन सरकार इस पर लगाम लगाने में पूरी तरह नाकाम साबित हुई है।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। प्रदेश में लगातार जघन्य हत्याएं हो रही हैं और अपराधियों के मन से कानून का डर खत्म हो चुका है। अपराधी बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं, जबकि आम जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है। उन्होंने दावा किया कि भाजपा शासन में कोई भी व्यक्ति सुरक्षित नहीं है और प्रदेश में भय का माहौल बना हुआ है।

अखिलेश यादव ने महंगाई और बेरोजगारी के मुद्दे पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है और युवाओं को रोजगार के अवसर नहीं मिल पा रहे हैं। वहीं, महंगाई ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है। बिजली व्यवस्था को लेकर भी उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि मौजूदा सरकार ने अपने पूरे कार्यकाल में बिजली उत्पादन बढ़ाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया।

उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र भाजपा सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल नहीं हैं। स्कूल बंद हो रहे हैं, जबकि शराब की दुकानों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। अस्पतालों की स्थिति चिंताजनक है और मरीजों को बेहतर इलाज तक उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि लगभग हर विभाग में बजट की लूट चल रही है और जनता के पैसों का दुरुपयोग किया जा रहा है।

अखिलेश यादव ने गोरखपुर की चार लेन लिंक रोड और लखनऊ के ग्रीन कॉरिडोर परियोजना का जिक्र करते हुए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण परियोजनाओं में हजारों करोड़ रुपये की लूट हुई है और भाजपा सरकार में भ्रष्टाचारियों का बोलबाला है। उन्होंने यह भी कहा कि एमएसएमई सेक्टर की हालत खराब हो चुकी है और छोटे उद्योग लगातार संकट का सामना कर रहे हैं।

सपा प्रमुख ने भाजपा सरकार पर पीडीए यानी पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक वर्गों के अधिकारों के साथ खिलवाड़ करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार आरक्षण की व्यवस्था को कमजोर करने का काम कर रही है और पीडीए वर्ग के खिलाफ लगातार साजिश रची जा रही है। उनके मुताबिक जो लोग पीड़ित, दुःखी और अपमानित हैं, वही पीडीए की असली पहचान हैं।

इस दौरान उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को भी नसीहत दी और कहा कि उन्हें अपनी भाषा और व्यवहार पर संयम रखना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में प्रदेश की जनता भाजपा को सत्ता से बाहर करने का मन बना चुकी है, क्योंकि हर वर्ग खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है।

अखिलेश यादव ने कहा कि यदि वर्ष 2027 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनती है, तो पीडीए वर्ग के हितों को ध्यान में रखकर नई नीतियां बनाई जाएंगी। किसानों के लिए विशेष योजनाएं लागू की जाएंगी, उद्योगों और डेयरी क्षेत्र को बढ़ावा दिया जाएगा, स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था में सुधार होगा तथा कानून व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि बेरोजगारी दूर करने और प्रदेश के समग्र विकास के लिए समाजवादी सरकार ठोस कदम उठाएगी।

अपने संबोधन के अंत में उन्होंने समाजवादी सरकार के कार्यकाल का जिक्र करते हुए कहा कि उसी दौर में उत्तर प्रदेश ने विकास की नई दिशा देखी थी। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में कई बिजली परियोजनाएं समाजवादी सरकार के समय शुरू की गईं और आज भी जनता को मिलने वाली बिजली उसी व्यवस्था का परिणाम है। साथ ही उन्होंने आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे को देश के सबसे बेहतरीन एक्सप्रेसवे में से एक बताते हुए कहा कि किसानों के हित में उससे जुड़ी कई योजनाएं बनाई गई थीं, जिन्हें मौजूदा सरकार ने आगे नहीं बढ़ाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *