भोपाल। भोपाल के रवींद्र भवन में मध्यप्रदेश पुलिस के लिए खास ‘आभार प्रदर्शन समारोह’ आयोजित किया गया, जहां नई भर्ती और पदोन्नति पाने वाले पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार जताया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने चयनित पुलिसकर्मियों को नियुक्ति पत्र सौंपे और पदोन्नत अधिकारियों-कर्मचारियों को बैज लगाकर सम्मानित किया।
सीएम बोले- खाकी वर्दी पहनकर आदमी शेर बन जाता है
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस की खाकी वर्दी प्रदेश की साढ़े आठ करोड़ जनता के विश्वास, सेवा और समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि पुलिस की वर्दी पर आग, पानी और आंधी का कोई असर नहीं होता और इसे पहनकर व्यक्ति शेर बन जाता है।
सीएम ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस देशभक्ति, जनसेवा, साहस और प्रतिबद्धता के दम पर देशभर में अपनी अलग पहचान बना रही है। चंबल से दस्यु समस्या खत्म करने और प्रदेश को नक्सलवाद से मुक्त कराने में पुलिस ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों से कहा कि वे पूरी निष्ठा के साथ अपनी ड्यूटी निभाएं, सरकार उनके परिवार के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करेगी।
27 हजार 534 पुलिसकर्मियों को मिला प्रमोशन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि सरकार ने पुलिस विभाग के 58 संवर्गों में रिकॉर्ड 27 हजार 534 अधिकारी और कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ दिया है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रक्रिया को लागू करने में देरी के कारण करीब 20 हजार पुलिसकर्मी सेवानिवृत्त हो गए, जिसका उन्हें मलाल है।
उन्होंने बताया कि 30 रक्षित निरीक्षक पदोन्नत होकर उप पुलिस अधीक्षक यानी डीएसपी बने हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिसकर्मी अपनी क्षमता और योग्यता के दम पर लगातार आगे बढ़ रहे हैं।
दो साल में हजारों पदों पर होगी भर्ती
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 से अब तक विभिन्न संवर्गों में 14 हजार 704 से ज्यादा अभ्यर्थियों का चयन किया जा चुका है। वहीं वर्ष 2026 में अलग-अलग पदों पर 9 हजार 751 पुलिसकर्मियों की भर्ती को मंजूरी दी गई है।
सरकार की कोशिश है कि अगले दो वर्षों में आरक्षक और सब इंस्पेक्टर के जितने पदों पर भर्ती बाकी है, उसे भी जल्द पूरा किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड पूरी पारदर्शिता के साथ भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ा रहा है।
खंडवा में नई पुलिस बटालियन, तीन नई औद्योगिक सुरक्षा बटालियन
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कई अहम घोषणाएं भी कीं। उन्होंने कहा कि खंडवा जिले में नई पुलिस बटालियन स्थापित की जाएगी। इसके अलावा राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल के रूप में तीन नई बटालियन बनाई जाएंगी।
इन नई बटालियनों में अति पिछड़ी जातियों के साथ बैगा, भारिया और सहरिया समुदायों की कंपनियां भी शामिल की जाएंगी।
एमपी पुलिस ने नक्सलवाद के खिलाफ रचा इतिहास
पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस ने नक्सलवाद के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। हॉक फोर्स ने नक्सलवाद को खत्म करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और मध्यप्रदेश देश का सबसे पहले नक्सलवाद से मुक्त होने वाला राज्य बना।
उन्होंने बताया कि हॉक फोर्स में 325 पद और विशेष सहयोगी दस्ते में 882 पदों पर भर्ती की गई है। इसके अलावा पुलिस बैंड, एफएसएल और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में भी भर्ती प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है।
सिंहस्थ 2028 के लिए तैयार हो रही पुलिस
डीजीपी ने कहा कि सिंहस्थ 2028 मध्यप्रदेश के लिए एक बड़ा आयोजन होगा और देशभर से श्रद्धालु उज्जैन पहुंचेंगे। पिछले दो वर्षों में पुलिस विभाग में 18 हजार से ज्यादा नई नियुक्तियां हुई हैं। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद यह नया पुलिस बल सिंहस्थ की ड्यूटी में उपलब्ध रहेगा।
उन्होंने कहा कि नई भर्तियों से प्रदेश की आंतरिक सुरक्षा और अपराध नियंत्रण को और मजबूती मिलेगी।
पदोन्नति से पुलिसकर्मियों का बढ़ा मनोबल
कार्यक्रम में पदोन्नत डीएसपी दीपिका शिंदे ने कहा कि कई पुलिसकर्मी दो दशक से सेवा दे रहे हैं और उनके परिवारों के सपने भी पदोन्नति से जुड़े होते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री के फैसले को पुलिस सेवा के सम्मान से जोड़ते हुए आभार जताया।
निरीक्षक रीना चौहान ने कहा कि पदोन्नति से कर्मचारियों में नई ऊर्जा और निष्ठा का संचार होता है। वहीं प्रशिक्षु डीएसपी विनय कुमार डहरवाल ने कहा कि बालाघाट जैसे नक्सल प्रभावित क्षेत्र से आने वाले युवाओं के लिए पुलिस सेवा में सफलता नई प्रेरणा देती है।
नई भर्ती में चयनित आस्था शर्मा ने कहा कि बचपन से उनका सपना खाकी वर्दी पहनने का था और शादी व बच्चों के बाद पुलिस विभाग में चयन उनके लिए गर्व का पल है।
सीएम का संदेश- पुलिस ड्यूटी निभाए, सरकार परिवार की चिंता करेगी
समारोह के अंत में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पुलिसकर्मियों के सेवा भाव और समर्पण की सराहना करते हुए भरोसा दिलाया कि सरकार पुलिस बल के कल्याण के लिए लगातार काम करती रहेगी। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस सभी चुनौतियों से निपटने में सक्षम है और सरकार पुलिसकर्मियों के परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है।

