उज्जैन। उज्जैन स्थित भगवान श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली सांदीपनि आश्रम में जन्माष्टमी के पर्व को लेकर खास तैयारियां की गई हैं। आश्रम को जयपुर से मंगाए गए विशेष फूलों से सजाया गया है और फूलों से भव्य फूल बंगला तैयार किया गया है। शुक्रवार सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। रात 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण की जन्म आरती होगी, जिसके बाद अभिषेक, पूजन और प्रसादी वितरण किया जाएगा।
धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान श्रीकृष्ण ने गुरु सांदीपनि के आश्रम में शिक्षा प्राप्त की थी। कहा जाता है कि श्रीकृष्ण ने यहां 64 दिनों में 64 कलाओं और 14 विद्याओं का ज्ञान हासिल किया था। भगवान श्रीकृष्ण के साथ उनके भाई बलराम और मित्र सुदामा ने भी इसी आश्रम में शिक्षा ग्रहण की थी। यही वजह है कि सांदीपनि आश्रम में जन्माष्टमी का आयोजन विशेष धार्मिक महत्व रखता है।
आश्रम की मुख्य पुजारी कीर्ति रूपम व्यास ने बताया कि जन्माष्टमी को लेकर परिसर में अद्भुत उत्साह का माहौल है। इस बार आश्रम को विशेष फूलों के श्रृंगार से सजाया गया है। जन्म आरती के लिए भगवान श्रीकृष्ण को पालकी में विराजमान कराया गया है। रात 12 बजे जन्म आरती के साथ अभिषेक और पूजन किया जाएगा, इसके बाद श्रद्धालुओं को प्रसादी वितरित की जाएगी।
जन्माष्टमी के अवसर पर उज्जैन में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भी सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा के मुताबिक सांदीपनि आश्रम के अलावा बड़ा गोपाल मंदिर, छोटा गोपाल मंदिर और महाकाल मंदिर में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। सभी प्रमुख धार्मिक स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और श्रद्धालुओं के सुगम दर्शन के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं।
बारिश की संभावना को देखते हुए सांदीपनि आश्रम में वाटरप्रूफ टेंट भी लगाए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो। पुलिस प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें, ताकि सभी लोग शांतिपूर्ण और सुविधाजनक तरीके से धार्मिक स्थलों के दर्शन कर सकें।
भगवान श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली में आधी रात को होने वाली जन्म आरती को लेकर श्रद्धालुओं में खास उत्साह है और अब सभी की नजर रात 12 बजे होने वाले उस पावन क्षण पर है, जब सांदीपनि आश्रम में भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया जाएगा।

