भोपाल। राजधानी भोपाल की हवा लगातार जहरीली होती जा रही है और इसी को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने सख्त रुख अपनाया है। NGT ने भोपाल में बढ़ते वायु प्रदूषण पर राज्य सरकार, नगर निगम और मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को कड़ी फटकार लगाते हुए पुराने शहर के कमल खान इलाके समेत रिहायशी क्षेत्रों में चल रही अवैध प्लास्टिक रीसायकल फैक्ट्रियों को तुरंत शहर से बाहर शिफ्ट करने के निर्देश दिए हैं।
NGT की सेंट्रल जोन बेंच ने कहा कि ये अवैध फैक्ट्रियां जहरीला धुआं और माइक्रोप्लास्टिक हवा में घोल रही हैं, जिससे आम लोगों की सेहत पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है। ट्रिब्यूनल ने यह भी बताया कि सिंगल यूज प्लास्टिक पर 2022 में प्रतिबंध लगने के बावजूद भोपाल में रोजाना 10 से 12 टन प्लास्टिक कचरा नगर निगम के ट्रांसफर स्टेशनों और आदमपुर छावनी कचरा स्टेशन तक पहुंच रहा है, जिसे अवैध तरीके से रीसायकल किया जा रहा है और इससे प्रदूषण और ज्यादा बढ़ रहा है।
NGT ने राज्य सरकार से जल्द से जल्द एक ठोस और प्रभावी कार्य योजना पेश करने को कहा है, जिसमें अवैध फैक्ट्रियों को बंद करना, कचरा प्रबंधन को मजबूत करना और प्रदूषण नियंत्रण के लिए संयुक्त समिति की रिपोर्ट शामिल हो। ट्रिब्यूनल ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उसके निर्देशों का पालन नहीं किया गया तो जिम्मेदार अधिकारियों और संस्थाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

