भोपाल। मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में बढ़ते अपराध को लेकर पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने बड़ी समीक्षा बैठक ली, जिसमें साफ संदेश दिया गया कि अपराधियों पर सख्ती और आम जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी, इस बैठक में एडिशनल कमिश्नर, DCP, ACP और सभी थाना प्रभारी मौजूद रहे और क्राइम कंट्रोल को लेकर सख्त निर्देश जारी किए गए
बैठक के दौरान संवेदनशील इलाकों में जन सहयोग से CCTV कैमरे लगाने, माइक्रो बीट सिस्टम को सक्रिय कर बदमाशों पर नजर रखने और हिस्ट्रीशीटर अपराधियों की लगातार चेकिंग करने के निर्देश दिए गए, साथ ही भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पेट्रोलिंग और वाहन चेकिंग बढ़ाने पर भी जोर दिया गया, NDPS और अन्य गंभीर अपराधों की जोनवार समीक्षा भी की गई
भोपाल पुलिस कमिश्नरेट में अब टू आईसी मॉडल लागू किया जा रहा है, जिसके तहत एक थाने में दो निरीक्षक तैनात होंगे, इस नई व्यवस्था को पहले चरण में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में निशातपुरा और हबीबगंज थानों में लागू किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में कोहेफिजा और पिपलानी थानों को शामिल किया जाएगा
इसी बीच एक चौंकाने वाला आंकड़ा भी सामने आया है, जिसमें पिछले 10 दिनों में मध्यप्रदेश से करीब 100 लोगों के लापता होने की जानकारी मिली है, इनमें से केवल दो लोग ही अब तक मिल पाए हैं जबकि 98 लोग अभी भी लापता हैं, खास बात यह है कि इन मामलों में 14 से 25 साल की लड़कियों की संख्या सबसे ज्यादा है
इन घटनाओं को लेकर अंतरराज्यीय गिरोह के सक्रिय होने की आशंका जताई जा रही है, साथ ही देह व्यापार और मानव तस्करी जैसी संभावनाओं से भी इंकार नहीं किया जा सकता, पुलिस अब इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच को आगे बढ़ा रही है और लापता लोगों की तलाश तेज कर दी गई है

