लखनऊ.समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पानी की समस्या को लेकर भारतीय जनता पार्टी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने चित्रकूट में पानी के लिए परेशान लोगों की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे आज भी पानी के लिए संघर्ष कर रहे हैं, जबकि सरकार विकास के बड़े-बड़े दावे कर रही है। उन्होंने कहा कि जनता को आज पानी चाहिए, भविष्य के सपने नहीं।
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि जब तक भाजपा का शासन रहेगा, तब तक जल संकट जैसी समस्याएं खत्म नहीं होंगी। उन्होंने कहा कि ‘जल जीवन मिशन’ और ‘हर घर जल’ जैसी योजनाओं के दावे जमीन पर दिखाई नहीं देते। उनके मुताबिक कई जगहों पर पानी की टंकियां गिर रही हैं और लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है।
सपा प्रमुख ने भाजपा सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा कि विकास कार्यों के लिए आने वाला बजट सही तरीके से खर्च नहीं हो रहा है। उन्होंने दावा किया कि कमीशनखोरी और अनियमितताओं के कारण कहीं पुल गिर रहे हैं, कहीं सड़कें टूट रही हैं और कहीं पेयजल योजनाएं दम तोड़ रही हैं। उनके अनुसार सरकार की प्राथमिकताओं और जमीनी हकीकत में बड़ा अंतर दिखाई देता है।
नदियों की सफाई के मुद्दे पर भी अखिलेश यादव ने केंद्र और राज्य सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि नदियों को स्वच्छ बनाने के लिए बड़े-बड़े दावे किए गए, लेकिन आज भी कई नदियां प्रदूषण और गंदगी की समस्या से जूझ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि नदियों की सफाई के लिए आवंटित बजट का सही उपयोग नहीं हुआ और जनता को अपेक्षित परिणाम नहीं मिले।
अखिलेश यादव ने अपनी सरकार के कार्यकाल का उल्लेख करते हुए कहा कि समाजवादी सरकार ने नदियों के संरक्षण और सौंदर्यीकरण के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए थे। उन्होंने गोमती रिवर फ्रंट परियोजना का जिक्र करते हुए कहा कि यह विकास और नदी संरक्षण का एक मॉडल था। सपा प्रमुख ने दावा किया कि भाजपा सरकार ने विकास की उस रफ्तार को आगे बढ़ाने के बजाय उसे कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि जनता अब सरकार के दावों और वास्तविक स्थिति के बीच का अंतर समझ रही है और आने वाले समय में इसका जवाब भी देगी।

