उत्तर प्रदेश के इटावा में आयोजित एक जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष, खासकर समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति दोपहर 12 बजे उठता है, उसका तो भगवान ही मालिक है। मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में नई चर्चा शुरू हो गई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक समय था जब उत्तर प्रदेश दंगों और उपद्रव के लिए जाना जाता था, लेकिन आज राज्य विकास, निवेश और उत्सवों की पहचान बन चुका है। उन्होंने दावा किया कि सरकार की नीतियों के कारण प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है और हर क्षेत्र में तेजी से विकास हो रहा है।
कांवड़ यात्रा का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले इस यात्रा को लेकर आशंकाएं जताई जाती थीं और कहा जाता था कि इससे माहौल बिगड़ेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष के कुछ नेताओं को केसरिया रंग से भी समस्या रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि समाज को जाति और क्षेत्र के आधार पर बांटने की कोशिशें पहले भी हुईं और आगे भी हो सकती हैं, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में युवाओं और महिलाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि डबल इंजन सरकार में भर्ती प्रक्रियाएं पारदर्शी हुई हैं और अब बिना किसी भेदभाव के युवाओं को अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण और बेटियों की शिक्षा सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
जनसभा से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इटावा में 604 करोड़ रुपये की लागत वाली 128 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया। इन परियोजनाओं में सड़क, आधारभूत संरचना और जनकल्याण से जुड़े कई कार्य शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य प्रदेश के हर क्षेत्र तक विकास पहुंचाना और लोगों के जीवन को बेहतर बनाना है।
मुख्यमंत्री के इस बयान और विकास परियोजनाओं की सौगात के बाद इटावा की यह जनसभा राजनीतिक और प्रशासनिक दोनों ही दृष्टि से चर्चा का विषय बनी हुई है।

