रक्षाबंधन पर टूटी सालों पुरानी परंपरा! नई इलेक्ट्रिक बसें आईं, फिर भी भोपाल की महिलाओं को नहीं मिलेगी मुफ्त सफर की सौगात

भोपाल। रक्षाबंधन के मौके पर भोपाल की बहनों को इस बार ऐसी खबर मिली है, जो उनके लिए निराश करने वाली हो सकती है। हर साल रक्षाबंधन पर नगर निगम की ओर से महिलाओं को मिलने वाली मुफ्त सिटी बस यात्रा की सुविधा इस बार नहीं दी जा रही है। खास बात यह है कि शहर में 30 नई इलेक्ट्रिक बसें शुरू हो चुकी हैं, इसके बावजूद महिलाओं को मुफ्त सफर की सौगात नहीं मिलेगी।

यानी इस बार जो महिलाएं सिटी बस से अपने भाइयों को राखी बांधने या मायके जाने के लिए निकलेंगी, उन्हें बस का किराया अपनी जेब से देना होगा।

पिछले सालों में भोपाल में सिटी बसों की संख्या को लेकर काफी संकट था। एक समय परिचालन में रहने वाली बसों की संख्या 368 से घटकर काफी कम रह गई थी। इसके बावजूद नगर निगम ने रक्षाबंधन की परंपरा को जारी रखा और महिलाओं को रात 9 बजे तक मुफ्त सिटी बस यात्रा की सुविधा दी थी।

साल 2025 में भी भोपाल महापौर ने इसे बहनों के लिए नगर निगम की हर साल मिलने वाली विशेष सौगात बताया था। ऐसे में इस बार नई इलेक्ट्रिक बसें आने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि महिलाओं को मुफ्त यात्रा की सुविधा पहले से बेहतर तरीके से मिलेगी।

लेकिन इस बार तस्वीर बिल्कुल अलग है। शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में 30 नई आधुनिक इलेक्ट्रिक बसें शामिल हो चुकी हैं, इसके बावजूद नगर निगम की ओर से रक्षाबंधन पर महिलाओं की मुफ्त यात्रा को लेकर कोई घोषणा नहीं की गई है।

रक्षाबंधन के दिन भोपाल और आसपास के इलाकों से बड़ी संख्या में महिलाएं बसों के जरिए अपने भाइयों के घर और मायके जाती हैं। ऐसे में हर साल मिलने वाली मुफ्त यात्रा से उन्हें सीधे आर्थिक राहत मिलती थी।

अब सवाल यही उठ रहा है कि जब बसों की कमी के दौर में भी नगर निगम महिलाओं को मुफ्त यात्रा की सुविधा देता रहा, तो 2026 में नई और बेहतर इलेक्ट्रिक बसें आने के बाद यह सुविधा क्यों रोक दी गई?

नगर निगम और महापौर परिषद की ओर से इस मामले में फिलहाल कोई स्पष्ट घोषणा नहीं होने से महिलाओं और आम नागरिकों के बीच नाराजगी और हैरानी देखी जा रही है। रक्षाबंधन पर मुफ्त सफर की सालों पुरानी परंपरा इस बार क्यों टूटी, इसका जवाब अब नगर निगम से ही अपेक्षित है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *