लखनऊ. समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मनरेगा के नाम बदले जाने को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। अखिलेश यादव का आरोप है कि भाजपा मनरेगा को धीरे-धीरे खत्म करने की साजिश रच रही है और नाम बदलना उसी साजिश का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भाजपा अपने अलावा किसी के हित के बारे में नहीं सोचती।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर कहा कि मनरेगा का नाम बदलने से कुछ नहीं बदलने वाला, असल मकसद इस योजना को चरणबद्ध तरीके से खत्म करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक तरफ भाजपा सरकार मनरेगा का बजट लगातार घटा रही है, वहीं दूसरी तरफ राज्यों पर इतना आर्थिक दबाव बना दिया गया है कि जीएसटी सिस्टम के जरिए केंद्र से समय पर पैसा नहीं मिल पा रहा।
अखिलेश यादव ने कहा कि पहले से ही खाली खजाने से जूझ रहे राज्य अतिरिक्त बजट की व्यवस्था कैसे करेंगे और मजबूरी में वे खुद ही मनरेगा को कमजोर करने या खत्म करने की ओर बढ़ जाएंगे। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सैकड़ों ग्राम सभाओं को अर्बन कैटेगरी में डालकर उनका बजट भी खत्म कर दिया गया है।
अखिलेश यादव का कहना है कि भाजपा का मकसद सिर्फ मनरेगा का नाम बदलना नहीं, बल्कि इस योजना को पूरी तरह खत्म करना है। उन्होंने कहा कि भाजपा अपने अलावा किसी और का पेट भरते हुए नहीं देख सकती और आज के दौर में गरीबों को भाजपा की जरूरत नहीं है।

