धार। मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला परिसर के पास शुक्रवार को पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में जुमे की नमाज अदा की गई। नमाज शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई, लेकिन इसके बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने नमाज स्थल पर पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराने को लेकर प्रशासन पर सवाल उठाए।
मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि नमाज के लिए निर्धारित सर्वे नंबर 612 पर पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। उनका आरोप है कि एक सप्ताह बीत जाने के बावजूद नमाजियों के लिए मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गईं। उनका कहना है कि जगह पर घास उगी हुई है, कीचड़ होने के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है और नमाजियों के लिए पर्याप्त व्यवस्था अब तक नहीं की गई।
मौके पर मौजूद पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा ने शांतिपूर्ण ढंग से नमाज अदा करने के लिए सभी नमाजियों का आभार व्यक्त किया। वहीं मुस्लिम समाज के प्रतिनिधि अब्दुल समद ने कहा कि खसरा क्षेत्र बड़ा होने के बावजूद नमाज के लिए पर्याप्त स्थान और सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं, जिससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
इस दौरान मुस्लिम समाज ने कुछ बाहरी लोगों पर कमाल मौला के खिलाफ कथित रूप से अभद्र टिप्पणियां करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उनका कहना था कि धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाली भाषा का इस्तेमाल किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों ने कहा कि वे सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुसार यहां नमाज अदा करने पहुंचे हैं। उनका कहना है कि सुविधाओं की कमी के बावजूद उन्होंने शांतिपूर्वक इबादत की और प्रशासन से भविष्य में नमाजियों के लिए बेहतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने यह भी कहा कि यह व्यवस्था किसी समुदाय की इच्छा से नहीं, बल्कि न्यायालय के आदेशों के तहत संचालित हो रही है और प्रशासन को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करानी चाहिए।

