शहडोल। मध्य प्रदेश के शहडोल जिले से इंसानियत और कर्तव्यनिष्ठा की एक ऐसी मिसाल सामने आई है, जिसने एक महिला को मौत के मुंह से वापस खींच लिया। धनपुरी थाना क्षेत्र में घरेलू विवाद के बाद एक महिला ने आत्महत्या करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस की त्वरित कार्रवाई और सूझबूझ के चलते उसकी जान बच गई। इस पूरी घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसकी इलाके में जमकर चर्चा हो रही है।
जानकारी के मुताबिक धनपुरी क्षेत्र के कुदरा टोला निवासी रज्जू और उसकी पत्नी चरकी के बीच खाना बनाने की बात को लेकर विवाद हो गया था। मामूली कहासुनी धीरे-धीरे इतना बढ़ गई कि नाराज महिला ने खुद को कमरे में बंद कर लिया और अंदर जाकर फांसी लगाने की कोशिश की।
परिजनों ने महिला को समझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन जब उसने दरवाजा नहीं खोला तो स्थिति गंभीर हो गई। इसके बाद तुरंत धनपुरी पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही थाना धनपुरी में पदस्थ आरक्षक प्रिंस अग्रवाल और कोमल लोधी मौके पर पहुंचे।
हालात की गंभीरता को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने बिना समय गंवाए कमरे का दरवाजा खुलवाया और अंदर पहुंच गए। वहां महिला फांसी के फंदे पर झूल रही थी। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे नीचे उतारा और समय रहते उसकी जान बचा ली।
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि अगर पुलिस कुछ मिनट और देर से पहुंचती तो बड़ा हादसा हो सकता था। पुलिस की तत्परता की वजह से महिला की सांसें चलती रहीं और उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
घटना के बाद महिला को जरूरी उपचार और परामर्श उपलब्ध कराया गया। वहीं पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है और पति के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद क्षेत्र में धनपुरी पुलिस की जमकर सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आरक्षक प्रिंस अग्रवाल और कोमल लोधी ने जिस साहस, संवेदनशीलता और जिम्मेदारी का परिचय दिया, वह काबिल-ए-तारीफ है।
पुलिस की इस मानवीय और साहसिक कार्रवाई ने न केवल एक महिला की जान बचाई, बल्कि एक परिवार को टूटने और बिखरने से भी बचा लिया। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि समय पर लिया गया सही फैसला किसी की जिंदगी बदल सकता है।

