भोपाल। दतिया विधानसभा उपचुनाव की घोषणा के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का मध्य प्रदेश दौरा तय हो गया है। चुनावी तैयारियों के लिहाज से इस दौरे को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्य चुनाव आयुक्त 4 जुलाई की दोपहर इंदौर पहुंचेंगे।
इंदौर पहुंचने के बाद शाम 4 बजे वे लता मंगेशकर सभागार में आयोजित बीएलओ कॉन्फ्रेंस में शामिल होंगे। इस सम्मेलन में इंदौर, उज्जैन, देवास, धार और खंडवा जिले के 1,500 से अधिक बूथ लेवल अधिकारियों यानी बीएलओ से वे सीधे संवाद करेंगे। इस दौरान मतदाता सूची के पुनरीक्षण, बूथ प्रबंधन और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
ज्ञानेश कुमार ऐसे पहले मुख्य चुनाव आयुक्त हैं जिन्होंने इससे पहले दिल्ली में भी बूथ लेवल अधिकारियों के साथ सीधे संवाद की पहल की थी। अब उसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए वे मध्य प्रदेश में भी जमीनी स्तर पर चुनावी व्यवस्था से जुड़े कर्मचारियों से सीधे बातचीत करेंगे।
बीएलओ कॉन्फ्रेंस के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त इंदौर में रात्रि विश्राम करेंगे। इसके अगले दिन यानी 5 जुलाई को उनका ओंकारेश्वर और महेश्वर जाने का कार्यक्रम है। इस दौरान वे ओंकारेश्वर में भगवान शिव के दर्शन करेंगे और महेश्वर किले का भी भ्रमण करेंगे।
मुख्य चुनाव आयुक्त के प्रस्तावित दौरे की सूचना मिलते ही मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय के अधिकारी तैयारियों में जुट गए हैं। यह दौरा इसलिए भी खास माना जा रहा है क्योंकि चुनाव आयोग ने हाल ही में देश की तीन विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की घोषणा की है, जिनमें मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट भी शामिल है। ऐसे में माना जा रहा है कि इस दौरे के दौरान प्रदेश की चुनावी तैयारियों की समीक्षा के साथ मतदान व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने पर भी विशेष जोर दिया जाएगा।

