भोपाल/दुबई। दुबई में आयोजित AIM Congress-2026 के तीसरे दिन मध्यप्रदेश के लिए शिपिंग और लॉजिस्टिक्स सेक्टर से जुड़ी बड़ी संभावनाएं सामने आई हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 8 सितंबर को ताज दुबई में शराफ ग्रुप के प्रेसिडेंट और CEO श्याम कपूर से मुलाकात की। इस दौरान शिपिंग, लॉजिस्टिक्स और सप्लाई चेन के साथ-साथ मध्यप्रदेश के अलग-अलग सेक्टर में निवेश की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने श्याम कपूर को अगले साल होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर समिट यानी GIS-2027 में शामिल होने का न्योता भी दिया।
बैठक में मध्यप्रदेश में रेल-साइडिंग से जुड़े लॉजिस्टिक्स पार्क स्थापित करने के प्रस्ताव पर खास तौर पर चर्चा हुई। इसके लिए करीब 30 से 50 मिलियन अमेरिकी डॉलर यानी लगभग 250 से 450 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव बताया गया है। इस परियोजना से करीब 300 से 600 लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होने की संभावना जताई गई है।
शराफ ग्रुप ने मध्यप्रदेश में निवेश को लेकर खास दिलचस्पी दिखाई है। कंपनी इंदौर और पीथमपुर क्षेत्र में निवेश की संभावनाएं तलाश रही है। इसके अलावा प्रदेश के दूसरे संभावित स्थानों पर भी अपने संचालन और निवेश का विस्तार करने की संभावना पर चर्चा हुई।
प्रस्तावित परियोजना के तहत मल्टीमोडल लॉजिस्टिक्स पार्क, आधुनिक वेयरहाउसिंग और रीजनल डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर विकसित किए जा सकते हैं। इसके साथ ही कृषि, खाद्य और फार्मास्यूटिकल्स जैसे क्षेत्रों के लिए कोल्ड-चेन इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करने पर भी जोर दिया जाएगा।
मध्यप्रदेश के उत्पादों को देश और विदेश के बाजारों तक पहुंचाने के लिए एक्सपोर्ट-ओरिएंटेड कार्गो कंसॉलिडेशन और इंटरनेशनल डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क विकसित करने की योजना पर भी चर्चा हुई। प्रमुख कमर्शियल और पर्यटन स्थलों पर रिटेल, हॉस्पिटैलिटी और टूरिज्म सेक्टर में निवेश की संभावनाएं भी तलाशने की बात सामने आई है।
कंपनी सप्लाई चेन टेक्नोलॉजी और वर्कफोर्स डेवलपमेंट के जरिए लॉजिस्टिक्स ऑपरेशन्स को मजबूत करने में भी सहयोग कर सकती है। इसके अलावा स्थानीय ट्रांसपोर्टर्स, वेंडर्स और सर्विस प्रोवाइडर्स को शराफ ग्रुप के लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम से जोड़ने की योजना पर भी चर्चा हुई।
बैठक में शराफ ग्रुप के प्रेसिडेंट श्याम कपूर ने भारत में कंपनी के मौजूदा नेटवर्क की जानकारी मुख्यमंत्री को दी। उन्होंने बताया कि भारत में कंपनी अपनी भारतीय सहायक कंपनी हिंद टर्मिनल्स प्राइवेट लिमिटेड यानी HTPL के जरिए काम कर रही है। HTPL मल्टीमोडल एग्री-लॉजिस्टिक्स पार्क, रेल और रोड ट्रांसपोर्ट तथा थर्ड-पार्टी लॉजिस्टिक्स के क्षेत्र में काम करती है।
कंपनी इनलैंड कंटेनर डिपो के संचालन के साथ-साथ ताजे कृषि उत्पादों को सुरक्षित रखने के लिए कोल्ड-चेन सुविधाएं भी उपलब्ध कराती है। बताया गया कि कंपनी भारत में करीब 35 मालवाहक ट्रेनों और लगभग 900 ट्रकों का संचालन कर रही है। इसके अलावा देश में कंपनी के पास पर्याप्त स्टोरेज यार्ड भी उपलब्ध हैं।
शराफ ग्रुप की पहुंच भारत तक सीमित नहीं है। कंपनी करीब 69 देशों में काम करती है और इसका मुख्यालय दुबई में है। ग्रुप शिपिंग और लॉजिस्टिक्स के अलावा सप्लाई चेन, रिटेल, ट्रैवल और टूरिज्म, आईटी, फाइनेंशियल सर्विसेज, हॉस्पिटैलिटी और रियल एस्टेट जैसे कई क्षेत्रों में कारोबार करता है।
ऐसे में मध्यप्रदेश में अगर शराफ ग्रुप का प्रस्तावित निवेश जमीन पर उतरता है, तो इंदौर-पीथमपुर समेत प्रदेश के दूसरे हिस्सों में लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत हो सकता है। इससे कृषि और औद्योगिक उत्पादों की आवाजाही आसान होने के साथ एक्सपोर्ट को बढ़ावा और रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो सकते हैं। अब नजर इस बात पर है कि AIM Congress-2026 में हुई यह चर्चा आगे चलकर मध्यप्रदेश में कितने बड़े निवेश में बदलती है।

