उज्जैन। धार्मिक नगरी उज्जैन एक बार फिर ऐतिहासिक दीपोत्सव की साक्षी बनने जा रही है। ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत 17 सितंबर को बाबा महाकाल की नगरी के प्रमुख घाटों और भव्य श्री महाकाल लोक में 25 लाख से अधिक मिट्टी के दीप एक साथ प्रज्ज्वलित किए जाएंगे। इतने बड़े आयोजन को व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कलेक्टर रौशन कुमार सिंह सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर तैयारियों का जायजा लिया।
कलेक्टर रौशन कुमार सिंह के मुताबिक, दीपोत्सव को भव्य और रिकॉर्ड स्तर पर आयोजित करने के लिए पूरे आयोजन क्षेत्र को सात बड़े सेक्टरों में बांटा गया है। दीपों को व्यवस्थित तरीके से बिछाने और प्रज्ज्वलित करने के लिए 11 हजार से ज्यादा ब्लॉक तैयार किए जा रहे हैं। प्रत्येक छोटे ब्लॉक में करीब 225 दीप रखे जाएंगे और हर ब्लॉक की जिम्मेदारी दो वॉलंटियर्स को दी जाएगी।
इस तरह करीब 25 हजार वॉलंटियर्स इस विशाल दीपोत्सव में दीप प्रज्ज्वलन की कमान संभालेंगे। सभी सात सेक्टरों में वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती की गई है, जो आयोजन की व्यवस्थाओं की लगातार मॉनिटरिंग करेंगे।
खास बात यह है कि यह पूरा आयोजन जनभागीदारी और सामाजिक संगठनों के सहयोग से किया जा रहा है। कलेक्टर ने शहरवासियों और सामाजिक संस्थाओं से भी इस दीपोत्सव में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस आयोजन के लिए महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति या सरकारी कोष से कोई राशि खर्च नहीं की जाएगी। यानी 17 सितंबर को उज्जैन में 25 लाख से ज्यादा दीपों की रोशनी जनभागीदारी से बाबा महाकाल की नगरी को रोशन करेगी। अब सबकी नजर उस भव्य शाम पर है, जब हजारों हाथ मिलकर उज्जैन को दीपों की रोशनी से जगमगाएंगे।

