शिवपुरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देशवासियों से पेट्रोल-डीजल बचाने और कम से कम वाहनों के इस्तेमाल की अपील कर रहे हैं, लेकिन मध्य प्रदेश में कुछ नेताओं के काफिले अब सवालों के घेरे में आ गए हैं। ताजा मामला शिवपुरी जिले से सामने आया है, जहां भाजपा विधायक प्रीतम लोधी करीब 200 गाड़ियों के काफिले के साथ सड़क पर नजर आए। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
वीडियो में लंबा काफिला सड़क पर दौड़ता दिखाई दे रहा है। कई समर्थक चलती गाड़ियों की सनरूफ और खिड़कियों से बाहर निकलकर शक्ति प्रदर्शन करते नजर आए। बताया जा रहा है कि मंगलवार को प्रीतम लोधी सैकड़ों वाहनों के साथ करेरा स्थित बगीचा सरकार मंदिर पहुंचे थे। समर्थकों ने खुद इस शक्ति प्रदर्शन के वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किए, जिसके बाद मामला चर्चा में आ गया।
राजनीतिक गलियारों में इसे हाल ही में हुए विवादों से भी जोड़कर देखा जा रहा है। कहा जा रहा है कि करेरा में उनके बेटे से जुड़े एक एक्सीडेंट मामले के बाद पार्टी हाईकमान ने उन्हें तलब किया था और अब इस बड़े काफिले को शक्ति प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है।
इससे पहले भी मध्य प्रदेश में नेताओं के बड़े-बड़े काफिले सवालों में रहे हैं। हाल ही में पाठ्य पुस्तक निगम के नवनियुक्त अध्यक्ष सौभाग्य सिंह ठाकुर उज्जैन से भोपाल तक सैकड़ों गाड़ियों के साथ पहुंचे थे, जिससे कई जगह ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई थी। वहीं खंडवा में मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी भी 15 से ज्यादा वाहनों के काफिले के साथ नजर आए थे। दिलचस्प बात ये रही कि उन्होंने खुद लोगों से कम गाड़ियों का इस्तेमाल करने और एक वाहन में साथ यात्रा करने की अपील की थी।
अब इन वायरल वीडियो के बाद विपक्ष सरकार और नेताओं पर निशाना साध रहा है। सवाल यही उठ रहा है कि जब आम लोगों से ईंधन बचाने और संयम बरतने की अपील की जा रही है, तब क्या नेताओं को भी उसी जिम्मेदारी का पालन नहीं करना चाहिए?

