शहडोल। मध्य प्रदेश के शहडोल जिले में निवेश के नाम पर लोगों को झांसे में लेकर लाखों रुपये की ठगी करने वाले कथित फाइनेंस गिरोह के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। GNS फाइनेंशियल सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के डायरेक्टर, उनकी पत्नी समेत पांच लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर रही है।
बताया जा रहा है कि इस कथित ठगी का सबसे ज्यादा शिकार एसईसीएल के रिटायर्ड कर्मचारी हुए हैं, जिन्होंने अपनी जीवनभर की गाढ़ी कमाई बेहतर रिटर्न की उम्मीद में कंपनी में निवेश कर दी थी। बुढ़ार थाना क्षेत्र के धनपुरी रोड स्थित खंडेलवाल कॉम्प्लेक्स में संचालित GNS फाइनेंशियल सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के एजेंट लोगों को भरोसा दिलाते थे कि उनकी रकम मुंबई की प्रतिष्ठित निवेश कंपनियों में लगाई जाएगी और बदले में हर महीने आकर्षक ब्याज मिलेगा।
निवेशकों को यह भी लालच दिया गया कि पांच साल के भीतर उनकी जमा पूंजी दोगुनी हो जाएगी। इसी भरोसे में आकर सरईकापा निवासी संतोष वर्मन, मोहन सिंह सहित कई लोगों ने लाखों रुपये कंपनी में जमा कर दिए। शुरुआती दौर में कंपनी ने कुछ महीनों तक निवेशकों को नियमित ब्याज भी दिया, जिससे लोगों का भरोसा और मजबूत हो गया। लेकिन बाद में अचानक भुगतान बंद कर दिया गया।
जब निवेशकों ने अपनी जमा राशि वापस मांगनी शुरू की, तो उन्हें टालमटोल के साथ-साथ डराने-धमकाने की शिकायतें भी सामने आने लगीं। इसके बाद पीड़ितों ने पुलिस का दरवाजा खटखटाया।
पुलिस जांच में सामने आया कि कंपनी संचालकों ने अलग-अलग निवेशकों से विभिन्न खातों में रकम जमा कराई और दावा किया कि उनकी ओर से ट्रेडिंग की जा रही है। प्रथम दृष्टया मामला धोखाधड़ी का पाए जाने पर पुलिस ने सुखनंदन यादव, सरोज यादव, मुकेश यादव, विजय पाल और मोहम्मद अमीम के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
एफआईआर के मुताबिक यह कथित अपराध 6 दिसंबर 2024 से 16 मई 2026 के बीच हुआ। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) और 61(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
इस पूरे मामले को लेकर शहडोल पुलिस अधीक्षक रामजी श्रीवास्तव ने लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि कम समय में अधिक मुनाफा देने का लालच देकर लोगों को फंसाने वाले ऐसे ठगों से सावधान रहने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि शिकायत मिलने के बाद जांच की गई और आरोप सही पाए जाने पर पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
एसपी ने जिले के लोगों से यह भी अपील की है कि यदि किसी अन्य व्यक्ति ने भी इस कंपनी में पैसा निवेश किया हो और उसके साथ धोखाधड़ी हुई हो, तो वह बिना किसी डर के आगे आकर संबंधित थाने में शिकायत दर्ज कराए। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गंभीरता से जांच की जा रही है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
फिलहाल इस कार्रवाई के बाद उन निवेशकों में उम्मीद जगी है, जिन्होंने बेहतर भविष्य के सपनों के साथ अपनी जीवनभर की जमा पूंजी इस कंपनी में लगा दी थी और अब अपने पैसों की वापसी का इंतजार कर रहे हैं।

