भोपाल। मध्य प्रदेश के आगर मालवा में कांग्रेस विधायक भेरूसिंह परिहार के अपनी ही पार्टी के वरिष्ठ नेताओं पर लगाए गए आरोपों के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। अब इस मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस आमने-सामने आ गई हैं।
भाजपा प्रवक्ता कर्नल ईशान सिंह ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी की अंदरूनी कलह अब खुलकर सामने आ चुकी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के विधायक खुद अपने नेताओं पर सवाल उठा रहे हैं, जिससे पार्टी के भीतर चल रही खींचतान साफ दिखाई दे रही है।
भाजपा ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस नेताओं के दौरे अब राजनीतिक कम और ‘पर्यटन टूर’ ज्यादा नजर आते हैं। उनका कहना है कि चुनाव से पहले कांग्रेस नेता जनता के बीच कम और आपसी विवादों में ज्यादा उलझे हुए दिखाई दे रहे हैं।
वहीं, कांग्रेस ने भी भाजपा के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि कांग्रेस एक लोकतांत्रिक संगठन है, जहां हर कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधि की बात सुनी जाती है। पार्टी के प्रदेश महासचिव ने कहा कि यदि किसी विधायक को कोई शिकायत है, तो उस पर संगठन के भीतर चर्चा की जाएगी और समाधान निकाला जाएगा।
कांग्रेस ने पलटवार करते हुए भाजपा को अपने संगठन की चिंता करने की सलाह दी। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा के भीतर भी असंतोष की स्थिति है और कई कार्यकर्ता अपनी बात नहीं रख पा रहे हैं।
दरअसल, पूरा विवाद उस समय शुरू हुआ जब पूर्व मंत्री अजय सिंह के आगर मालवा दौरे के दौरान कांग्रेस विधायक भेरूसिंह परिहार ने आरोप लगाया कि उन्हें कार्यक्रम की जानकारी तक नहीं दी गई। उन्होंने वरिष्ठ नेताओं पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए यहां तक कह दिया कि यदि यही स्थिति बनी रही, तो वे पार्टी छोड़ने पर भी विचार कर सकते हैं।
अब इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। एक तरफ भाजपा इसे कांग्रेस की कमजोरी बता रही है, तो दूसरी ओर कांग्रेस इसे संगठन का आंतरिक मामला बताते हुए जल्द समाधान की बात कह रही है। ऐसे में आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि कांग्रेस अपने नाराज विधायक को मना पाती है या नहीं।

