उमरिया। मध्यप्रदेश के उमरिया जिले से एक वीडियो सामने आने के बाद सियासी और सामाजिक बहस तेज हो गई है। वीडियो में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी RSS के सरसंघचालक Mohan Bhagwat करीब 14 गाड़ियों के काफिले के साथ जाते हुए दिखाई दे रहे हैं। इसके बाद सवाल उठने लगे हैं कि क्या प्रधानमंत्री Narendra Modi की पेट्रोल-डीजल बचाने की अपील सिर्फ आम जनता के लिए है?
दरअसल, देशभर में ईंधन बचत और कम खपत को लेकर लगातार अपील की जा रही है। वैश्विक परिस्थितियों और ईंधन संकट के बीच आम लोगों से पेट्रोल-डीजल का कम इस्तेमाल करने को कहा जा रहा है। लेकिन इसी बीच संघ प्रमुख का बड़ा काफिला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं और VIP कल्चर को लेकर सवाल उठा रहे हैं।
हालांकि सुरक्षा प्रोटोकॉल और Z+ सुरक्षा व्यवस्था के तहत कई बार बड़े काफिलों का इस्तेमाल जरूरी माना जाता है। लेकिन मौजूदा हालात में यह मामला चर्चा का विषय बन गया है।
जानकारी के मुताबिक RSS प्रमुख Mohan Bhagwat शहडोल में आयोजित मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ के 383 स्वयंसेवकों के विकास वर्ग कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे हैं। वे बुधवार सुबह कटनी तक ट्रेन से पहुंचे और वहां से सड़क मार्ग के जरिए शहडोल रवाना हुए।
संघ प्रमुख के पहली बार शहडोल आगमन को लेकर जिले में सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है। CISF, स्पेशल ब्रांच, जिला पुलिस और आसपास के जिलों से आए अधिकारियों ने सुरक्षा मोर्चा संभाल रखा है। पूरे दौरे के दौरान लगभग 350 अधिकारी और जवान तैनात किए गए हैं, जिनमें DSP रैंक के अधिकारी और CISF की विशेष टीम भी शामिल है।
अब इस पूरे मामले को लेकर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। एक तरफ लोग सुरक्षा कारणों का हवाला दे रहे हैं, तो दूसरी तरफ ईंधन बचत और VIP संस्कृति को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं।

