उज्जैन। उज्जैन में सावन की पहली सवारी के दौरान बाबा महाकाल के दर्शन के लिए हजारों श्रद्धालु सड़कों पर उमड़े। जगह-जगह पुष्पवर्षा कर भगवान महाकाल का भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान नगर निगम ने व्यवस्थाओं के साथ-साथ स्वच्छता जागरूकता पर भी खास जोर दिया।
सवारी मार्ग पर नगर निगम की टीम ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से श्रद्धालुओं को स्वच्छता का संदेश दिया। लोगों से अपील की गई कि कचरा इधर-उधर न फेंकें और उसे निर्धारित स्थान पर ही डालें, ताकि धार्मिक आयोजन की गरिमा के साथ शहर की स्वच्छता भी बनी रहे।
जैसे ही बाबा महाकाल की सवारी आगे बढ़ी और कार्यक्रम समाप्त हुआ, नगर निगम के सफाई मित्र तुरंत मैदान में उतर गए। कुछ ही देर पहले जहां हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ और फूल-मालाओं का ढेर दिखाई दे रहा था, वहीं चंद मिनटों में पूरा सवारी मार्ग फिर से साफ और व्यवस्थित नजर आने लगा। इसके बाद यातायात भी सामान्य रूप से शुरू हो गया।
नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा ने बताया कि बाबा महाकाल की सवारी को देखते हुए करीब 400 कर्मचारियों की विशेष टीम तैनात की गई थी। सफाई, घाटों की व्यवस्था, फायर सेफ्टी और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं के लिए पहले से जिम्मेदारियां तय कर दी गई थीं। सवारी समाप्त होते ही सफाई अभियान तुरंत शुरू कर दिया गया।
नगर निगम की विशेष टीमें पूरे समय अलर्ट रहीं। घाटों पर अलग से कर्मचारी तैनात किए गए थे, जबकि जर्जर और चिन्हित भवनों पर लगातार निगरानी रखी गई ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके। फायर सेफ्टी समेत सभी जरूरी व्यवस्थाओं पर भी लगातार नजर रखी गई।
नगर निगम के सफाई मित्रों ने सवारी मार्ग पर फैले फूल, कचरा और अन्य अपशिष्ट को तेजी से हटाकर पूरे रास्ते को फिर से स्वच्छ बना दिया। उनकी इस तत्परता और मेहनत की स्थानीय नागरिकों और श्रद्धालुओं ने भी जमकर सराहना की।

