उज्जैन। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शुक्रवार देर शाम धार्मिक नगरी उज्जैन पहुंचे, जहां उन्होंने विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में बाबा महाकाल के दर्शन किए। इस दौरान उनके साथ केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य तथा ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर भी मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की और बाबा महाकाल की शयन आरती में शामिल होकर आशीर्वाद प्राप्त किया।
मुख्यमंत्री के साथ नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और मंत्री प्रतिभा बागरी ने भी महाकाल मंदिर में दर्शन किए। शयन आरती के दौरान पूरा मंदिर परिसर भक्ति और श्रद्धा के माहौल से गूंज उठा।
महाकाल मंदिर पहुंचने से पहले मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री ने महाकाल लोक में आयोजित भव्य लाइट एंड साउंड शो का अवलोकन किया। दोनों नेताओं ने इसकी प्रस्तुति की सराहना करते हुए इसे श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक अद्भुत आकर्षण बताया। महाकाल लोक की आधुनिक तकनीक और धार्मिक विरासत के संगम को देखकर अतिथियों ने विशेष संतोष व्यक्त किया।
इस अवसर पर श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की ओर से समिति अध्यक्ष एवं कलेक्टर रोशन कुमार सिंह ने सभी अतिथियों का सम्मान किया। मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं ने भी नेताओं का स्वागत किया।
शयन आरती के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर के साथ सिंहस्थ 2028 की तैयारियों और उज्जैन के विकास कार्यों को लेकर विस्तृत समीक्षा बैठक की गई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य सरकार मिलकर उज्जैन को वैश्विक धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ 2028 को भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए केंद्र सरकार का पूरा सहयोग मिलेगा। केंद्रीय मंत्री ने भी विकास कार्यों और सिंहस्थ की तैयारियों को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं तथा हर आवश्यक सहायता का भरोसा दिलाया है।

डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल सिंहस्थ का सफल आयोजन करना नहीं, बल्कि उज्जैन को धार्मिक पर्यटन के क्षेत्र में स्थायी और विश्वस्तरीय पहचान दिलाना है। उन्होंने महाकाल लोक के लाइट एंड साउंड शो की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह आने वाले समय में देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय मंत्री का महाकाल दर्शन और उज्जैन आगमन पूरे प्रदेश के लिए सौभाग्य की बात है। इस दौरान जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे।

